Connect with us

India

Coronavirus: दैनिक संक्रमित और मौत के आंकड़ों में एक बार फिर बढ़ोतरी, 1.32 लाख नए मामले दर्ज

Published

on

11:05 AM, 02-Jun-2021
7-31 मई के बीच नए मामलों में 69 फीसदी की कमी
स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि सात मई के बाद से कोरोना के नए मामलों में कमी आ रही है। स्थिति यह है कि सात से 31 मई के बीच 69 फीसदी नए मामलों में कमी दर्ज की गई है। वहीं जिलों की बात करें तो फिलहाल 295 जिलों ही संक्रमण अधिक है और यहां नए मामले लगातार कम हो रहे हैं। अगले एक से दो सप्ताह में इन जिलों में और अधिक सुधार की स्थिति देखने को मिलेगी।

10:47 AM, 02-Jun-2021
राहुल गांधी ने ट्वीट कर मारा तंज, कहा- आवाज उठाइए और केंद्र सरकार को जगाइए
आजकल राहुल गांधी ट्विटर के जरिए केंद्र और मोदी सरकार पर हमलावर हो गए हैं। राहुल गांधी ने आज एक और ट्वीट किया और कहा कि कोरोना महामारी के खिलाफ सबसे मजबूत सुरक्षा कवच सिर्फ वैक्सीन है। देश के जन-जन तक मुफ्त टीकाकरण पहुंचाने के लिए आप भी आवाज उठाइए और केंद्र सरकार को जगाइए।
कोरोना महामारी के ख़िलाफ़ सबसे मज़बूत सुरक्षा कवच सिर्फ़ वैक्सीन है।
देश के जन-जन तक मुफ़्त टीकाकरण पहुँचाने के लिए आप भी आवाज़ उठाइये- केंद्र सरकार को जगाइये!#SpeakUpForFreeUniversalVaccination pic.twitter.com/SEFhwokfSU— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) June 2, 2021

10:36 AM, 02-Jun-2021
जम्मू-कश्मीर: आंशिक कोरोना कर्फ्यू के दौरान सड़कें सुनसान दिखीं
जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर में ‘आंशिक कोरोना कर्फ्यू’ के दौरान दुकानें बंद और सड़कें सुनसान दिखीं।
जम्मू-कश्मीर: श्रीनगर में ‘आंशिक कोरोना कर्फ्यू’ के दौरान दुकानें बंद और सड़कें सुनसान दिखीं। pic.twitter.com/ibjE47ARIm— ANI_HindiNews (@AHindinews) June 2, 2021

10:13 AM, 02-Jun-2021
अब तक कुल 21,85,46,667 लोगों को वैक्सीन लगी है
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने जानकारी दी कि  देश में कुल वैक्सीनेशन का आंकड़ा 21,85,46,667 हो गया है।

देश में कुल वैक्सीनेशन का आंकड़ा 21,85,46,667 हो गया है। #CovidVaccine https://t.co/eTXMy4f9Fs— ANI_HindiNews (@AHindinews) June 2, 2021

10:01 AM, 02-Jun-2021
बीते 24 घंटे में 1.32 लाख मामले आए सामने, 3207 मरीजों की मौत
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी ताजा आंकड़ों के मुताबिक, देश में बीते 24 घंटे में दैनिक मामलों में एक बार फिर बढ़ोतरी हुई है। बीते 24 घंटे में 1.32 लाख मामले सामने आए, जबकि 3207 मरीजों की मौत हो गई है। वहीं सक्रिय मामलों की संख्या 17,93,645 हो गई है।
India reports 1,32,788 new #COVID19 cases, 2,31,456 discharges & 3,207 deaths in last 24 hrs, as per Health Ministry
Total cases: 2,83,07,832
Total discharges: 2,61,79,085
Death toll: 3,35,102
Active cases: 17,93,645
Total vaccination: 21,85,46,667 pic.twitter.com/wqyIwRhogm— ANI (@ANI) June 2, 2021

09:30 AM, 02-Jun-2021
बीते 24 घंटे में 20,19,773 लोगों का हुआ टेस्ट- आईसीएमआर
भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद ने जानकारी दी कि भारत में कल तक कोरोना वायरस के लिए कुल 35,00,57,330 सैंपल टेस्ट किए जा चुके हैं, जिनमें से 20,19,773 सैंपल कल टेस्ट किए गए।

 

#COVID19 | A total of 35,00,57,330 samples tested up to June 1, inclusive of data reconciled by the States. Of these, 20,19,773 samples were tested yesterday: Indian Council of Medical Research (ICMR) pic.twitter.com/qs5NWQPVMr
— ANI (@ANI) June 2, 2021

09:13 AM, 02-Jun-2021
कोरोना ने नया रूप लिया तो बच्चों को होगी सबसे ज्यादा परेशानी
कोरोना महामारी में बच्चों को भी संक्रमण का खतरा हो सकता है। वर्तमान में ज्यादातर संक्रमित बच्चे बिना लक्षण वाले हैं लेकिन आगामी दिनों में अगर वायरस का रूप बदलता है तो बच्चों को परेशानी बढ़ सकती है। दो से तीन फीसदी बच्चों को अस्पतालों में भर्ती भी करना पड़ सकता है। इसीलिए राज्यों को जल्द ही बच्चों की चिकित्सीय व्यवस्था को बढ़ाने के दिशा निर्देश दिए जाएंगे। 

08:45 AM, 02-Jun-2021
असम: जूनियर डॉक्टर पर किया हमला, 24 लोग गिरफ्तार
असम में मंगलवार को एक दर्दनाक मामला सामने आया। कोरोना मरीज की मौत होने के बाद वहां एक जूनियर डॉक्टर पर हमला किया गया। अब इस मामले में खुद मुख्यमंत्री हिमत बिस्वा सरमा ने हस्तक्षेप किया है। इस मामले में 24 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और मुख्यमंत्री ने कहा कि जूनियर डॉक्टर को न्याय जरूर मिलेगा।

 

“24 culprits involved in this barbaric attack have been arrested & charge sheet will be filed at the earliest. I am personally monitoring this investigation and I promise that justice will be served, tweets Assam CM Himanta Biswa Sarma on the attack on a junior doctor y’day
— ANI (@ANI) June 2, 2021

08:35 AM, 02-Jun-2021
दूसरी लहर के दौरान एक करोड़ से ज्यादा लोगों की गई नौकरी- सीएमआईई
कोविड-19 महामारी की दूसरी लहर के कारण देश में एक करोड़ से अधिक लोगों को नौकरी से हाथ धोना पड़ा है जबकि पिछले साल महामारी की शुरूआत से लेकर अबतक 97 प्रतिशत परिवारों की आय घटी है। सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन एकोनॉमी (सीएमआईई) के मुख्य कार्यपालक अधिकारी महेश व्यास ने सोमवार को यह कहा। व्यास ने मीडिया से कहा कि शोध संस्थान के आकलन के अनुसार, बेरोजगारी दर मई में 12 प्रतिशत रही जो अप्रैल में 8 प्रतिशत थी। इसका मतलब है कि इस दौरान करीब एक करोड़ भारतीयों को नौकरी से हाथ धोना पड़ा है।

08:13 AM, 02-Jun-2021
ब्लैक फंगस की दवा के निर्यात पर लगाई रोक
कोरोना संक्रमित या रिकवर होने वालों में फंगस का संक्रमण भी देखने को मिल रहा है। ऐसे मामले काफी तेजी से बढ़ रहे हैं जिसके चलते बाजार में इसकी दवा को लेकर भारी कमी देखने को मिल रही है। इसीलिए सरकार ने मंगलवार को एम्फोटेरिसिन-बी इंजेक्शन के निर्यात पर प्रतिबंध लगा दिया, जिसका इस्तेमाल म्यूकोर्मिकोसिस या ब्लैक फंगस संक्रमण के इलाज के लिए किया जाता है।

07:53 AM, 02-Jun-2021
चंडीगढ़: ऑनलाइन सात लाख रुपये जुटाकर जरूरतमंद कोविड मरीजों को बांटे कंसंट्रेटर
कोरोना काल के दौरान जरूरतमंद लोगों को मदद पहुंचाने के लिए चंडीगढ़ के गर्व सिंह (16 वर्षीय) ने फंड जुटाकर सात लाख रुपये इकट्ठा किए और उससे 13 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर खरीदे और जरूरतमंद लोगों में बांटे।

 

Chandigarh: Garv Singh, 16, has raised over Rs 7 lakhs online to purchase oxygen concentrators for helping the needy COVID patients
“I bought a concentrator with my saving of Rs 50,000, then I started a fundraiser & bought 13 concentrators. I give it to the needy,”he said y’day pic.twitter.com/lGon5rCNfk
— ANI (@ANI) June 2, 2021

07:39 AM, 02-Jun-2021
मिजोरम: पिछले 24 घंटे में सामने आए 235 नए मामले
मिजोरम में बीते 24 घंटे में कोरोना के 235 मामले सामने आए, जबकि दो मरीजों ने अपनी जान गंवा दी। मिजोरम में मौजूदा समय में सक्रिय मामलों की बात करें तो ये 3,243 हैं।

 

Mizoram reported 235 COVID-19 cases and two deaths yesterday, taking active cases to 3,243 and death toll to 44: State government pic.twitter.com/Ur6MfAWuHW
— ANI (@ANI) June 2, 2021

07:28 AM, 02-Jun-2021
दूसरी लहर के दौरान 594 डॉक्टर की हुई मौत
भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद ने जानकारी दी है कि कोरोना की दूसरी लहर के दौरान अबतक 594 मरीजों की जान जा चुकी है। इसमें सबसे ज्यादा मौतें दिल्ली राज्य से हुई हैं।

 

Indian Medical Association (IMA) says 594 doctors died during the second wave of COVID-19 pic.twitter.com/rbFbwhgL55
— ANI (@ANI) June 2, 2021

07:12 AM, 02-Jun-2021
Coronavirus: दैनिक संक्रमित और मौत के आंकड़ों में एक बार फिर बढ़ोतरी, 1.32 लाख नए मामले दर्ज
देश में कोरोना वायरस के दैनिक मामले 54 दिन के बाद सबसे कम यानी 1.27 लाख दर्ज किए गए। हालांकि कोरोना से हर दिन होने वाली मौत का आंकड़ा अभी भी चिंताजनक है। कोरोना के दैनिक मामले कम होने और रिकवरी रेट बढ़ने की वजह से कई राज्यों में अब अनलॉक की प्रक्रिया शुरू हो गई है। इसके तहत कुछ राज्य कोरोना पाबंदियों में छूट दे रहे हैं और बाजार खोलने पर ध्यान दे रहे हैं। हालांकि कोरोना के घटते हुए खतरे को देखते हुए भी 12वीं की परीक्षा को रद्द करने का फैसला किया गया। सरकार का कहना है कि बच्चों की सुरक्षा के आगे कुछ महत्वपूर्ण नहीं है। वहीं कई राज्य ऐसे हैं, जहां वैक्सीन की कमी की वजह से 18+ लोगों का टीकाकरण बंद कर दिया गया है। इसके अलावा दूसरी लहर के दौरान बच्चों में कोरोना का संक्रमण देखा गया। महाराष्ट्र, उत्तराखंड और यूपी समेत कई राज्यों में 18 साल से कम उम्र वाले हजारों बच्चे कोरोना की चपेट में आए। हालांकि बच्चों में कोरोना की गंभीर स्थिति का एक भी मामला अभी तक सामने नहीं आया।

Continue Reading

India

कोरोना से सावधान: एक साल रहेगा सेहत और जीवन को खतरा, अक्तूबर तक तीसरी लहर

Published

on

By

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Kuldeep Singh
Updated Sat, 19 Jun 2021 06:44 AM IST

ख़बर सुनें

ख़बर सुनें

कोरोना महामारी की तीसरी लहर भारत में अक्तूबर में दस्तक दे सकती है। हालांकि इस पर वह हमारी दूसरी लहर की तुलना में नियंत्रित रहेगी इसके बावजूद अगले 1 साल तक महामारी से स्वास्थ्य और जीवन को खतरा बना रहेगा। सर्वे में स्वास्थ्य विशेषज्ञ, चिकित्सक वैज्ञानिक, वायरोलॉजिस्ट, महामारी रोग विशेषज्ञ और प्रोफेसर शामिल थे। अनुमान है कि टीकाकरण से कोरोना की नई लहर नियंत्रित रहेगी। सर्वे में मानना है कि देश में 85 फीसदी विशेषज्ञों यानी 24 में से 21 का मानना है कि देश में कोरोना की अगली लहर अक्तूबर में दस्तक देगी। वहीं तीन विशेषज्ञों का अनुमान है कि 30 अगस्त की शुरुआत या 12 सितंबर से पहले ही लहर आ सकती है। अन्य तीन का अनुमान है कि तीसरी लहर नवंबर और फरवरी के बीच आ सकती है।दावा : टीकाकरण से काबू में रहेगी नई लहर कोरोना की तीसरी लहर को लेकर 34 में से 24 यानी 70 फीसदी विशेषज्ञों का कहना है कि नई लहर पहले की तरह नहीं होगी। एम्स नई दिल्ली के निदेशक डॉक्टर रणदीप गुलेरिया का कहना है कि ये लहर नियंत्रित रहेगी इसका कारण तेजी से चलने वाला SS टीकाकरण अभियान है। दूसरी लहर में संक्रमण की रफ्तार तेज होने के कारण लोगों में प्राकृतिक इम्यूनिटी भी बनी है इसका लाभ दिखेगा।

विस्तार

कोरोना महामारी की तीसरी लहर भारत में अक्तूबर में दस्तक दे सकती है। हालांकि इस पर वह हमारी दूसरी लहर की तुलना में नियंत्रित रहेगी इसके बावजूद अगले 1 साल तक महामारी से स्वास्थ्य और जीवन को खतरा बना रहेगा। 

सर्वे में स्वास्थ्य विशेषज्ञ, चिकित्सक वैज्ञानिक, वायरोलॉजिस्ट, महामारी रोग विशेषज्ञ और प्रोफेसर शामिल थे। अनुमान है कि टीकाकरण से कोरोना की नई लहर नियंत्रित रहेगी। सर्वे में मानना है कि देश में 85 फीसदी विशेषज्ञों यानी 24 में से 21 का मानना है कि देश में कोरोना की अगली लहर अक्तूबर में दस्तक देगी। वहीं तीन विशेषज्ञों का अनुमान है कि 30 अगस्त की शुरुआत या 12 सितंबर से पहले ही लहर आ सकती है। अन्य तीन का अनुमान है कि तीसरी लहर नवंबर और फरवरी के बीच आ सकती है।

दावा : टीकाकरण से काबू में रहेगी नई लहर 
कोरोना की तीसरी लहर को लेकर 34 में से 24 यानी 70 फीसदी विशेषज्ञों का कहना है कि नई लहर पहले की तरह नहीं होगी। एम्स नई दिल्ली के निदेशक डॉक्टर रणदीप गुलेरिया का कहना है कि ये लहर नियंत्रित रहेगी इसका कारण तेजी से चलने वाला SS टीकाकरण अभियान है। दूसरी लहर में संक्रमण की रफ्तार तेज होने के कारण लोगों में प्राकृतिक इम्यूनिटी भी बनी है इसका लाभ दिखेगा।

Continue Reading

India

अमर उजाला विशेष: देश में कोरोना के 120 से ज्यादा म्यूटेशन, आठ सबसे गंभीर, 14 की जांच में जुटे वैज्ञानिक

Published

on

By

कोरोना वायरस को लेकर देश में अब तक 38 करोड़ से भी ज्यादा सैंपल की जांच हो चुकी है लेकिन इनमें से 28 हजार की जीनोम सीक्वेंसिंग अब तक हो पाई है। इसके जरिए पता चला है कि देश में अब तक कोरोना के 120 से ज्यादा म्यूटेशन मिल चुके हैं जिनमें से आठ सबसे गंभीर हैं। जबकि 14 म्यूटेशन की पड़ताल में वैज्ञानिक जुटे हुए हैं।

विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने गंभीर वैरिएंट के जो नाम दिए थे वे सभी बीटा, एल्फा, गामा, ईटा, कापा, डेल्टा प्लस, लोटा वैरिएंट भारत में मिले हैं। किसी के मामले ज्यादा है तो किसी के कुछ ही मरीज हैं। 28 लैब में चल रही सीक्वेंसिंग की प्रारंभिक रिपोर्ट के नतीजे काफी चौंकाने वाले हैं।  सूत्रों से पता चला है कि डेल्टा के साथ भारत में कोरोना का कापा वैरिएंट भी है। बीते 60 दिन में 76 फीसदी सैंपल में इनकी पुष्टि हुई है।

सीक्वेंसिंग के जरिये ही वैज्ञानिक वायरस के बदलावों को समझ पा रहे हैं लेकिन स्थिति यह है कि नियमानुसार हर राज्य से पांच फीसदी सैंपल की सीक्वेंसिंग होना जरूरी है लेकिन वर्तमान में ऐसा तीन फीसदी भी नहीं हो पा रहा है। पहली बार यह रिपोर्ट सामने आई है जिसे हाल ही में मंत्री समूह की बैठक में भी प्रस्तुत की गई थी।
अमर उजाला को मिली एक्सक्लुसिव रिपोर्ट के अनुसार भारत में अब तक 28,043 सीक्वेंसिंग की जा चुकी है जिनमें डेल्टा वैरिएंट के ही कापा और डेल्टा प्लस गंभीर म्यूटेशन सामने आए हैं। वैज्ञानिकों ने एवाई.1(डेल्टा प्लस), बी.1.1.7, बी.1.1.7+, एस:ई484के, बी.1.351(बीटा), बी.1.617.2 (डेल्टा), पी.1(गामा), पी.1.1 और पी.1.2 म्यूटेशन को सबसे गंभीर बताया है। इन सभी आठ गंभीर म्यूटेशन में खास बात है कि यह तेजी से फैलते हैं और लोगों में एंटीबॉडी पर हमला करते हैं। जबकि अन्य 14 म्यूटेशन एवी.1, बी.1.1.318, बी.1.427, बी.1.429, बी.1.525 (ईटा), बी.1.526 (लोटा), बी.1.526.1, बी.1.526.2, बी.1.617.1, बी.1.617.3, सी.36.3, सी.37, पी.2 और पी.3 पर अभी अध्ययन चल रहा है। ये म्यूटेशन इंसानों के लिए कितना गंभीर हो सकते हैं इसके बारे में अभी कुछ कहा नहीं जा सकता।
दूसरी लहर के 60 दिन में यह मिली हालत
पिछले 60 दिन की स्थिति देखें तो 76 फीसदी सैंपल में बी.1.617.2 (डेल्टा) वैरिएंट मिला है। जबकि आठ फीसदी सैंपल में  बी.1.617.1 (कापा) वैरिएंट मिला है। यह दोनों ही वैरिएंट बी.1.617 वैरिएंट से निकले हैं जो पिछले वर्ष सबसे पहले महाराष्ट्र में मिले थे। एक से तीन और अब तीन-तीन में अलग अलग म्यूटेशन हो रहा है जिसमें से एक डेल्टा प्लस है। इससे पता चलता है कि वायरस कितनी तेजी से अपना स्वरूप बदल रहा है। इनके अलावा पांच-पांच फीसदी सैंपल में बी.1 और बी.1.1.7 (एल्फा) वैरिएंट भी मिला है।

कोरोना के आठ गंभीर वेरिएंट की स्थिति
गंभीर वैरिएंट        कुल सैंपल         फीसदी में           पहली बार               आखिरी बार

डेल्टा                 6,098                 27%         7 सितंबर 2020              7 जून 2021

एल्फा               3028                   13%          2 सितंबर 2020             15 मई 2021

बीटा                 176                     1%           30 दिसंबर 2020          13 मई 2021

डेल्टा प्लस           08                    0.5%         5 अप्रैल 2021               15 मई 2021

कापा                3,4481                7%           1 दिसंबर 2020               3 जून 2021

ईटा                  182                     1%            6 फरवरी 2021             25 मई 2021

बी.1.617.3        91                     1%             14 दिसंबर 2020           10 मई 2021

लोटा                  3                       0.5%          16 दिसंबर 2020         24 मार्च 2021

Continue Reading

India

अलविदा फ्लाइंग सिख : बंटवारे से बुलंदियों तक …आसान नहीं था मिल्खा सिंह बनना

Published

on

By

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Sat, 19 Jun 2021 01:41 AM IST

पाकिस्तान के गोविंदपुरा में जन्मे मिल्खा सिंह का जीवन संघर्षों से भरा रहा। बचपन में ही भारत-पाकिस्तान बंटवारे का दर्द और अपनों को खोने का गम उन्हें उम्र भर सालता रहा। बंटवारे के दौरान ट्रेन की महिला बोगी में सीट के नीचे छिपकर दिल्ली पहुंचने, शरणार्थी शिविर में रहने और ढाबों पर बर्तन साफ कर उन्होंने जिंदगी को पटरी पर लाने की कोशिश की। फिर सेना में भर्ती होकर एक धावक के रूप में पहचान बनाई। अपनी 80 अंतरराष्ट्रीय दौड़ों में उन्होंने 77 दौड़ें जीतीं लेकिन रोम ओलंपिक का मेडल हाथ से जाने का गम उन्हें जीवन भर रहा। उनकी आखिरी इच्छा थी कि वह अपने जीते जी किसी भारतीय खिलाड़ी के हाथों में ओलंपिक मेडल देखें लेकिन अफसोस उनकी अंतिम इच्छा उनके जीते जी पूरी न हो सकी। हालांकि मिल्खा सिंह की हर उपलब्धि इतिहास में दर्ज रहेगी और वह हमेशा हमारे लिए प्रेरणास्रोत रहेंगे। 

Continue Reading
Advertisement

Trending

Copyright © 2017 Zox News Theme. Theme by MVP Themes, powered by WordPress.