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Coronavirus Live: 12वीं की परीक्षा रद्द करने की मांग वाली याचिका पर सुनवाई टली, सोमवार को होगी अगली सुनवाई

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10:56 AM, 28-May-2021
12वीं परीक्षा रद्द की मांग करने वाली याचिका पर सुनवाई टली
सुप्रीम कोर्ट में 12वीं की परीक्षा को रद्द करने वाली याचिका पर फिलहाल सुनवाई टाल दी गई है। अब अगली सुनवाई सोमवार को होगी। सुप्रीम कोर्ट ने यह भी कहा कि एक जून को सरकार इस पर निर्णय लेने वाली है। कोर्ट ने याचिकाकर्ता से कहा कि संभव है कि सरकार का फैसला आपके पक्ष में हो।
Supreme Court adjourns a plea seeking directions to the Centre, Central Board of Secondary Education (CBSE) and the Council for the Indian School Certificate Examination (CISCE) to cancel the CBSE, ICSE Class XII examination for Monday— ANI (@ANI) May 28, 2021

10:46 AM, 28-May-2021
मध्यप्रदेश: कोरोना कर्फ्यू के दौरान दुकानें बंद
कोरोना कर्फ्यू के दौरान भोपाल में दुकानें बंद दिखीं। पुलिसकर्मी कर्फ्यू के दौरान वाहनों की जांच कर रहे हैं। भोपाल में 31 मई तक कोरोना कर्फ्यू लागू है।
मध्य प्रदेश: कोरोना कर्फ्यू के दौरान भोपाल में दुकानें बंद दिखीं। पुलिसकर्मी कर्फ्यू के दौरान वाहनों की जांच कर रहे हैं।
भोपाल में 31 मई तक कोरोना कर्फ्यू लागू है। #COVID19 pic.twitter.com/1hCBB7JSpX— ANI_HindiNews (@AHindinews) May 28, 2021

10:32 AM, 28-May-2021
देश में सक्रिय मामलों की संख्या घटी
भारत में कोरोना के 1,86,364 नए मामले आने के बाद कुल पॉजिटिव मामलों की संख्या 2,75,55,457 हुई। 3,660 नई मौतों के बाद कुल मौतों की संख्या 3,18,895 हो गई है। 2,59,459 नए डिस्चार्ज के बाद कुल डिस्चार्ज की संख्या 2,48,93,410 हुई। देश में सक्रिय मामलों की कुल संख्या 23,43,152 है।
भारत में #COVID19 के 1,86,364 नए मामले आने के बाद कुल पॉजिटिव मामलों की संख्या 2,75,55,457 हुई। 3,660 नई मौतों के बाद कुल मौतों की संख्या 3,18,895 हो गई है।
2,59,459 नए डिस्चार्ज के बाद कुल डिस्चार्ज की संख्या 2,48,93,410 हुई। देश में सक्रिय मामलों की कुल संख्या 23,43,152 है। pic.twitter.com/p77mORTdXN— ANI_HindiNews (@AHindinews) May 28, 2021

10:20 AM, 28-May-2021
अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री ने पीएम मोदी और स्वास्थ्य मंत्री का किया धन्यवाद
अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने ट्वीट कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन को कोरोना की लड़ाई में निरंतर सहायता करने के लिए धन्यवाद दिया। 
अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने ट्वीटकर कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन को कोरोना की लड़ाई में निरंतर सहायता करने के लिए धन्यवाद दिया। #COVID19 pic.twitter.com/LTuAMBHiJF— ANI_HindiNews (@AHindinews) May 28, 2021

10:06 AM, 28-May-2021
बीते 24 घंटे में 20,70,508 लोगों का हुआ टेस्ट- आईसीएमआर
भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद के मुताबिक, भारत में कल कोरोना वायरस के लिए 20,70,508 सैंपल टेस्ट किए गए, कल तक कुल 33,90,39,861 सैंपल टेस्ट किए जा चुके हैं।
#COVID19 | A total of 33,90,39,861 samples tested up to May 27. Of these, 20,70,508 samples tested yesterday: : Indian Council of Medical Research (ICMR) pic.twitter.com/f09sbKOQyV— ANI (@ANI) May 28, 2021

09:55 AM, 28-May-2021
कोरोना: बीते 24 घंटे में 1.86 लाख मामले हुए दर्ज, 3660 मौतें
देश में कोरोना वायरस के दैनिक मामलों में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। बीते 24 घंटे में देश में कोरोना वायरस के दैनिक मामले दो लाख से भी कम दर्ज किए गए हैं। वहीं 3660 मरीजों ने इस वायरस के आगे अपना दम तोड़ा है। इसके अलावा 2.50 लाख से ज्यादा लोग एक दिन में ठीक होकर अपने घर वापस लौटे हैं। 
India reports 1,86,364 new #COVID19 cases, 2,59,459 discharges & 3,660 deaths in last 24 hrs, as per Health Ministry
Total cases: 2,75,55,457
Total discharges: 2,48,93,410
Death toll: 3,18,895
Active cases: 23,43,152
Total vaccination: 20,57,20,660 pic.twitter.com/px2jTVCVhY— ANI (@ANI) May 28, 2021

09:21 AM, 28-May-2021
पश्चिम बंगाल में 13,046 नए मामले
पश्चिम बंगाल में एक दिन में कोरोना के 13,046 नए मामले सामने आने के बाद राज्य में संक्रमितों की संख्या बढ़कर 13,31,249 हो गई। स्वास्थ्य विभाग के बुलेटिन के अनुसार, 148 और लोगों की संक्रमण से मौत के बाद मृतक संख्या बढ़कर 14,975 हो गई।

09:05 AM, 28-May-2021
31 मई तक जम्मू-कश्मीर में बढ़ा लॉकडाउन
जम्मू-कश्मीर में 31 मई तक लॉकडाउन की अवधि को बढ़ाया गया। 

 

जम्मू-कश्मीर में 31 मई तक के लिए कोरोना कर्फ्यू लागू है। तस्वीरें श्रीनगर की हैं। #COVID19 pic.twitter.com/Q0fP4hVS0i
— ANI_HindiNews (@AHindinews) May 28, 2021

08:52 AM, 28-May-2021
जम्मू: तीसरी लहर के लिए बच्चों के लिए तैयार किया जा रहा कोविड वार्ड
कोरोना की तीसरी लहर में बच्चों के लिए खतरे की आशंका को देखते हुए जम्मू के श्री महाराजा गुलाब सिंह अस्पताल में बच्चों के लिए कोविड वार्ड तैयार किया जा रहा है। अस्पताल के बाल रोग के विभागाध्यक्ष ने बताया, “हम कोशिश करेंगे कि सितंबर से पहले इसे तैयार कर लें।

 

जम्मू-कश्मीर: कोरोना की तीसरी वेव में बच्चों के लिए खतरे की आशंका को देखते हुए जम्मू के श्री महाराजा गुलाब सिंह अस्पताल में बच्चों के लिए कोविड वार्ड तैयार किया जा रहा है। अस्पताल के बाल रोग के विभागाध्यक्ष ने बताया, “हम कोशिश करेंगे कि सितंबर से पहले इसे तैयार कर लें।” #COVID19 pic.twitter.com/SSnpbah3II
— ANI_HindiNews (@AHindinews) May 28, 2021

08:41 AM, 28-May-2021
देश में कोरोना की रिकवरी दर 90 फीसदी के पार
देश में एक बार फिर कोरोना की रिकवरी दर 90 फीसदी पार हो चुकी है। पिछले साल अक्तूबर से बीते मार्च तक रिकवरी दर सबसे ज्यादा थी लेकिन अचानक से सामने आई दूसरी लहर ने इसे 80 फीसदी तक ला दिया था। अब दूसरी लहर का पीक निकलने के बाद रिकवरी एक बार फिर बढ़ने लगी है और अब 100 में से 90 लोग कोरोना वायरस की चपेट में आने के बाद स्वस्थ हुए हैं।

08:29 AM, 28-May-2021
कहां हुईं कितनी मौतें
पिछले 24 घंटे के दौरान  कर्नाटक में सबसे अधिक 476 की मौत हुई है जबकि तमिलनाडु में 474 लोगों ने दम तोड़ा। यूपी में 188, केरल में 181, पंजाब में 178, बंगाल में 148, दिल्ली में 117 और आंध्र प्रदेश में 104 लोगों की मौत हुई। 

08:12 AM, 28-May-2021
छत्तीसगढ़: बीते 24 घंटे में 2824 नए मामले आए सामने
छत्तीसगढ़ में बीते 24 घंटे में 2824 नए मामले दर्ज किए गए, वहीं 6715 मरीज ठीक होकर अपने घर वापस गए। इसी बीच 69 मरीजों को इस खतरनाक वायरस के आगे अफपना दम तोड़ना पड़ा।

 

#COVID19 | Chhattisgarh registered 2824 fresh cases, 6715 recoveries, and 69 fatalities yesterday
Case tally 9,62,368
Active cases 49,420 pic.twitter.com/7DCW51q8eV
— ANI (@ANI) May 27, 2021

08:00 AM, 28-May-2021
मिजोरम: बीते 24 घंटे में 239 नए मामले आए सामने
मिजोरम में बीते 24 घंटे में 239 नए मामले सामने आए। वहीं मिजोरम में सक्रिय मामलों की संख्या 2,861 है और कुल 11,382 मरीजों की मौत हो गई है।

 

#COVID19 | Mizoram reported 239 new positive cases on Thursday; active cases at 2,861 and case tally at 11,382 pic.twitter.com/vyUiG7D38N
— ANI (@ANI) May 28, 2021

07:44 AM, 28-May-2021
लद्दाख में कोरोना: बीते 24 घंटे में 141 नए मामले आए सामने
लद्दाख में कोरोना वायरस के 141 नए मामले सामने आए। बीते 24 घंटे में चार मरीजों की मौत हुई और 145 मरीज ठीक होकर अपने घर वापस गए। 

 

#COVID19 | Ladakh reported 141 new cases, four deaths and 145 recoveries/discharges yesterday
Active cases in the Union Territory has come down to 1,656; 1438 in Leh and 218 in Kargil district pic.twitter.com/4j3t0zwlUk

— ANI (@ANI) May 28, 2021

07:25 AM, 28-May-2021
मेरठ: ब्लैक फंगस के 11 नए मामले दर्ज, कुल मामले 147
मेरठ में अभी तक ब्लैक फंगस के 147 मामले दर्ज किए जा चुके हैं। बीते 24 घंटे में मेरठ में ब्लैक फंगस के 11 नए मामले सामने आए। इसके अलावा मेरठ में अभी भी कोरोना के दैनिक मामले सैकड़ों की संख्या में दर्ज किए जा रहे हैं। मौजूदा समय में

मेरठ में 88 सक्रिय मामले हैं और कल 187 नए मामले दर्ज किए गए हैं। 

 

Meerut | 147 cases of black fungus (mucormycosis) reported so far including 11 new cases recorded yesterday. We’ve 88 active cases. 187 new #COVID19 cases were also reported yesterday. The situation is improving in terms of Covid crisis in the city: Akhilesh Mohan, CMO (27.05) pic.twitter.com/TbQnGRqMoo
— ANI UP (@ANINewsUP) May 28, 2021

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राजनीति: शरद पवार के मन में कौन सी खिचड़ी पक रही है, क्या पीके के साथ मिल कर हो रही महागठबंधन बनाने की तैयारी?

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सार
शरद यादव, मुलायम सिंह यादव, लालू प्रसाद यादव के शिथिल स्वास्थ्य के कारण विपक्षी दलों में अन्य लीड करने वाले नेताओं का अभाव है। ममता बनर्जी का कद जरूर बढ़ा है, लेकिन अरविंद केजरीवाल, मायावती, अखिलेश यादव, राजद के तेजस्वी या फिर डीएमके के एमके स्टालिन का चेहरा राष्ट्रीय स्तर पर इतना मजबूत अभी नहीं बन सका है…

शरद पवार और प्रशांत किशोर की मुलाकात
– फोटो : अमर उजाला (फाइल)

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एनसीपी प्रमुख शरद पवार बिना किसी को भनक लगे राजनीति की चिड़िया के पर गिन लेने के लिए जाने जाते हैं। कई बार उनकी राजनीति की चाल को उनके दोस्त भी समझ पाने में गच्चा खा जाते हैं। इन दिनों भी कुछ ऐसा ही है। एनसीपी प्रमुख ने सप्ताह के भीतर दो बार चुनाव प्रचार अभियान के रणनीतिकार प्रशांत किशोर से भेंट की है। इस भेंट का कोई रहस्य बाहर नहीं आया है। एनसीपी के एक सांसद कहते हैं कि जब तक पवार साहब कुछ नहीं बताएंगे, पता भी नहीं चलेगा। इसलिए मैं क्या कह सकता हूं। उनकी बेटी और सांसद सुप्रिया सुले के सचिवालय को भी इस बारे में कोई जानकारी नहीं है। हां, इतना जरूर है कि प्रशांत किशोर सक्रिय राजनीति में उतरकर पारी खेलने के लिए तैयार हैं।
क्या राष्ट्रीय स्तर पर महागठबंधन बनाने का होगा प्रयास?
प्रशांत किशोर ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दौरान ही घोषणा कर दी थी कि वह चुनाव प्रचार अभियान में रणनीतिकार की भूमिका का काम छोड़ देंगे। इससे पहले प्रशांत किशोर 12 जून को शरद पवार से मिले थे। एनसीपी के नेता नवाब मलिक को फिलहाल देश में समान विचारधारा वाले दलों के एक महागठबंधन की जरूरत महसूस हो रही है।ऐसे में विपक्ष के खेमे में सबसे ज्यादा हलचल शरद पवार और प्रशांत किशोर की दूसरी भेंट को लेकर ही है। भाजपा छोड़कर एनसीपी में शामिल हुए और राष्ट्र मंच बनाने वाले यशवंत सिन्हा भी 22 जून को शरद पवार के घर में आयोजित बैठक में शामिल होंगे। शरद पवार के अलावा करीब 12-14 दलों के प्रतिनिधि भी इसमें शरीक होंगे।संघ के विचारकों में गिने जाने वाले भाजपा के पूर्व संगठन मंत्री और नब्बे के दशक में राजनीति में छाये रहने वाले एक पूर्व राजनेता का कहना है कि हो सकता है पवार साहब राजनीतिक गोलबंदी करने की योजना बना रहे हों। क्या पता किसी तीसरे मोर्चे की कोशिश चल रही हो? क्योंकि कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी और उनकी बहन तथा पार्टी की महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा के बस का कुछ खास नहीं है।
होगा वही जो शरद पवार चाहेंगे
कांग्रेस के नेता महेंद्र जोशी ने भी शरद पवार के तमाम दौर देखे हैं। वह कहते हैं कि आखिर मैं शरद पवार के बारे में क्या बता सकता हूं। न जाने उनके मन में क्या खिचड़ी पक रही है। दरअसल शरद पवार राजनीति की शतरंज के मंजे खिलाड़ी हैं और घोड़े की ढाई कदम की चाल की कला उनके अंगुलियों पर रहती है।हालांकि महाराष्ट्र के ही कांग्रेस के एक नेता ने कहा कि उनके प्रदेश के अध्यक्ष नाना पटोले को थोड़ा संभलकर और अपने शब्दों को तोलकर बोलना चाहिए। यह समझाइश इस बिना पर आई है कि 22 जून को विपक्ष के नेताओं से मिलकर एनसीपी प्रमुख शरद पवार कांग्रेस पार्टी और महाराष्ट्र में शिवसेना को खास संदेश दे रहे हैं।महाराष्ट्र के कांग्रेस नेता इस राजनीतिक संदेश को मानते भी हैं और उनका कहना है कि देश में कोई महागठबंधन या शरद पवार द्वारा उसके नेतृत्व का मामला अभी बहुत प्रारंभिक स्थिति में है। कुछ भी कहना जल्दबाजी है। लेकिन फिर भी महाराष्ट्र में वही होगा जो शरद पवार चाहेंगे।एनसीपी के एक नेता मानते हैं कि केंद्र की भाजपा सरकार की पहली निगाह यथाशीघ्र महाराष्ट्र की मौजूदा शिवसेना, एनसीपी, कांग्रेस की सरकार को गिरा देने की है। इसकी कोशिशें भी चल रही हैं। वह शिवसेना के विधायक के बयान का भी जिक्र इसी से जोड़कर करते हैं।कांग्रेस के नेताओं का कहना है कि महाराष्ट्र फिलहाल उद्धव ठाकरे और शरद पवार का सबकुछ दांव पर है। इसलिए हमारी विवशता है कि हम महाराष्ट्र में एनसीपी के साथ बने रहें और शिवसेना की सरकार चलती रहे। बताते हैं 22 जून की बैठक का इससे भी एक बड़ा लेना-देना है।
क्या प्रधानमंत्री मोदी का विकल्प बनेंगे शरद पवार?
शरद पवार राजनीति में क्या करेंगे, क्या सोचेंगे और कब क्या कहेंगे और अंत में क्या निर्णय लेंगे, यह उनके सिवाय कोई नहीं जानता। फिलहाल 22 जून को विपक्षी दलों के नेताओं के साथ बैठक करके वह देश में केंद्र की मोदी सरकार के खिलाफ एक माहौल जरूर बनाते नजर आएंगे। शरद पवार की इस बैठक को कांग्रेस पार्टी के लिए भी बड़ा संदेश माना जा रहा है। मौजूदा समय में देश में शरद पवार ही एक मात्र ऐसे राजनीति के सरदार हैं, जिनकी हर दल में पैठ है। विपक्ष में उनके कद का कोई दूसरा राजनीतिक चेहरा नहीं है।शरद यादव, मुलायम सिंह यादव, लालू प्रसाद यादव के शिथिल स्वास्थ्य के कारण विपक्षी दलों में अन्य लीड करने वाले नेताओं का अभाव है। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का कद जरूर बढ़ा है, लेकिन दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, बसपा प्रमुख मायावती, समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव, राजद के तेजस्वी या फिर डीएमके के एमके स्टालिन का चेहरा राष्ट्रीय स्तर पर इतना मजबूत अभी नहीं बन सका है। इसलिए राजनीति के दिग्गजों की निगाहें भी 80 साल के मराठा सरदार की अगली रणनीति पर ही टिकी हैं।

विस्तार

एनसीपी प्रमुख शरद पवार बिना किसी को भनक लगे राजनीति की चिड़िया के पर गिन लेने के लिए जाने जाते हैं। कई बार उनकी राजनीति की चाल को उनके दोस्त भी समझ पाने में गच्चा खा जाते हैं। इन दिनों भी कुछ ऐसा ही है। एनसीपी प्रमुख ने सप्ताह के भीतर दो बार चुनाव प्रचार अभियान के रणनीतिकार प्रशांत किशोर से भेंट की है। इस भेंट का कोई रहस्य बाहर नहीं आया है। एनसीपी के एक सांसद कहते हैं कि जब तक पवार साहब कुछ नहीं बताएंगे, पता भी नहीं चलेगा। इसलिए मैं क्या कह सकता हूं। उनकी बेटी और सांसद सुप्रिया सुले के सचिवालय को भी इस बारे में कोई जानकारी नहीं है। हां, इतना जरूर है कि प्रशांत किशोर सक्रिय राजनीति में उतरकर पारी खेलने के लिए तैयार हैं।

क्या राष्ट्रीय स्तर पर महागठबंधन बनाने का होगा प्रयास?
प्रशांत किशोर ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दौरान ही घोषणा कर दी थी कि वह चुनाव प्रचार अभियान में रणनीतिकार की भूमिका का काम छोड़ देंगे। इससे पहले प्रशांत किशोर 12 जून को शरद पवार से मिले थे। एनसीपी के नेता नवाब मलिक को फिलहाल देश में समान विचारधारा वाले दलों के एक महागठबंधन की जरूरत महसूस हो रही है।

ऐसे में विपक्ष के खेमे में सबसे ज्यादा हलचल शरद पवार और प्रशांत किशोर की दूसरी भेंट को लेकर ही है। भाजपा छोड़कर एनसीपी में शामिल हुए और राष्ट्र मंच बनाने वाले यशवंत सिन्हा भी 22 जून को शरद पवार के घर में आयोजित बैठक में शामिल होंगे। शरद पवार के अलावा करीब 12-14 दलों के प्रतिनिधि भी इसमें शरीक होंगे।
संघ के विचारकों में गिने जाने वाले भाजपा के पूर्व संगठन मंत्री और नब्बे के दशक में राजनीति में छाये रहने वाले एक पूर्व राजनेता का कहना है कि हो सकता है पवार साहब राजनीतिक गोलबंदी करने की योजना बना रहे हों। क्या पता किसी तीसरे मोर्चे की कोशिश चल रही हो? क्योंकि कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी और उनकी बहन तथा पार्टी की महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा के बस का कुछ खास नहीं है।

होगा वही जो शरद पवार चाहेंगे
कांग्रेस के नेता महेंद्र जोशी ने भी शरद पवार के तमाम दौर देखे हैं। वह कहते हैं कि आखिर मैं शरद पवार के बारे में क्या बता सकता हूं। न जाने उनके मन में क्या खिचड़ी पक रही है। दरअसल शरद पवार राजनीति की शतरंज के मंजे खिलाड़ी हैं और घोड़े की ढाई कदम की चाल की कला उनके अंगुलियों पर रहती है।हालांकि महाराष्ट्र के ही कांग्रेस के एक नेता ने कहा कि उनके प्रदेश के अध्यक्ष नाना पटोले को थोड़ा संभलकर और अपने शब्दों को तोलकर बोलना चाहिए। यह समझाइश इस बिना पर आई है कि 22 जून को विपक्ष के नेताओं से मिलकर एनसीपी प्रमुख शरद पवार कांग्रेस पार्टी और महाराष्ट्र में शिवसेना को खास संदेश दे रहे हैं।महाराष्ट्र के कांग्रेस नेता इस राजनीतिक संदेश को मानते भी हैं और उनका कहना है कि देश में कोई महागठबंधन या शरद पवार द्वारा उसके नेतृत्व का मामला अभी बहुत प्रारंभिक स्थिति में है। कुछ भी कहना जल्दबाजी है। लेकिन फिर भी महाराष्ट्र में वही होगा जो शरद पवार चाहेंगे।एनसीपी के एक नेता मानते हैं कि केंद्र की भाजपा सरकार की पहली निगाह यथाशीघ्र महाराष्ट्र की मौजूदा शिवसेना, एनसीपी, कांग्रेस की सरकार को गिरा देने की है। इसकी कोशिशें भी चल रही हैं। वह शिवसेना के विधायक के बयान का भी जिक्र इसी से जोड़कर करते हैं।कांग्रेस के नेताओं का कहना है कि महाराष्ट्र फिलहाल उद्धव ठाकरे और शरद पवार का सबकुछ दांव पर है। इसलिए हमारी विवशता है कि हम महाराष्ट्र में एनसीपी के साथ बने रहें और शिवसेना की सरकार चलती रहे। बताते हैं 22 जून की बैठक का इससे भी एक बड़ा लेना-देना है।

क्या प्रधानमंत्री मोदी का विकल्प बनेंगे शरद पवार?
शरद पवार राजनीति में क्या करेंगे, क्या सोचेंगे और कब क्या कहेंगे और अंत में क्या निर्णय लेंगे, यह उनके सिवाय कोई नहीं जानता। फिलहाल 22 जून को विपक्षी दलों के नेताओं के साथ बैठक करके वह देश में केंद्र की मोदी सरकार के खिलाफ एक माहौल जरूर बनाते नजर आएंगे। शरद पवार की इस बैठक को कांग्रेस पार्टी के लिए भी बड़ा संदेश माना जा रहा है। मौजूदा समय में देश में शरद पवार ही एक मात्र ऐसे राजनीति के सरदार हैं, जिनकी हर दल में पैठ है। विपक्ष में उनके कद का कोई दूसरा राजनीतिक चेहरा नहीं है।शरद यादव, मुलायम सिंह यादव, लालू प्रसाद यादव के शिथिल स्वास्थ्य के कारण विपक्षी दलों में अन्य लीड करने वाले नेताओं का अभाव है। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का कद जरूर बढ़ा है, लेकिन दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल, बसपा प्रमुख मायावती, समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव, राजद के तेजस्वी या फिर डीएमके के एमके स्टालिन का चेहरा राष्ट्रीय स्तर पर इतना मजबूत अभी नहीं बन सका है। इसलिए राजनीति के दिग्गजों की निगाहें भी 80 साल के मराठा सरदार की अगली रणनीति पर ही टिकी हैं।

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महाराष्ट्र में कोरोना : 24 घंटे में 6270 नए मामले, 21 लोगों में मिला डेल्टा प्लस वेरिएंट, 94 की मौत

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एएनआई, मुुंबई।
Published by: योगेश साहू
Updated Mon, 21 Jun 2021 10:59 PM IST

सार
महाराष्ट्र में बीते 24 घंटे में कोरोना के 6,270 नए मामले सामने आए हैं। सोमवार को स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकरी के अनुसार, इस दौरान 94 लोगों की मौत हुई है। वहीं राज्य के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने बताया कि 21 लोगों में कोरोना के डेल्टा प्लस वेरिएंट की पुष्टि हुई है।  

कोरोना वायरस (प्रतीकात्मक तस्वीर)
– फोटो : PTI

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महाराष्ट्र में बीते 24 घंटे में कोरोना के 6,270 नए मामले सामने आए हैं। सोमवार को स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकरी के अनुसार, इस दौरान 94 लोगों की मौत हुई है। वहीं राज्य के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने बताया कि 21 लोगों में कोरोना के डेल्टा प्लस वेरिएंट की पुष्टि हुई है। बता दें कि डेल्टा प्लस वेरिएंट, डेल्टा वेरिएंट का बदला हुआ रूप है।स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, महाराष्ट्र में सक्रिय मामलों की संख्या 1,24,398 हो गई है, जबकि कुल 57,33,215 मरीज डिस्चार्ज हुए हैं। प्रदेश में अब तक कुल 1,18,313 लोगों की कोरोना की वजह से मौत हुई है।बात करें मुंबई की तो यहां पिछले 24 घंटे में कोरोना वायरस के 521 नए मामले सामने आए हैं, जबकि 685 लोग ठीक हुए हैं। इस दौरान 7 लोगों की कोरोना से मौत हुई है। मुंबई में सक्रिय मामलों की संख्या 14,637 हो गई है। कुल 6,89,675 लोग ठीक हो चुके हैं और अब तक यहां 15,305 लोगों की मौत हुई है।

विस्तार

महाराष्ट्र में बीते 24 घंटे में कोरोना के 6,270 नए मामले सामने आए हैं। सोमवार को स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकरी के अनुसार, इस दौरान 94 लोगों की मौत हुई है। वहीं राज्य के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने बताया कि 21 लोगों में कोरोना के डेल्टा प्लस वेरिएंट की पुष्टि हुई है। बता दें कि डेल्टा प्लस वेरिएंट, डेल्टा वेरिएंट का बदला हुआ रूप है।

स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, महाराष्ट्र में सक्रिय मामलों की संख्या 1,24,398 हो गई है, जबकि कुल 57,33,215 मरीज डिस्चार्ज हुए हैं। प्रदेश में अब तक कुल 1,18,313 लोगों की कोरोना की वजह से मौत हुई है।

बात करें मुंबई की तो यहां पिछले 24 घंटे में कोरोना वायरस के 521 नए मामले सामने आए हैं, जबकि 685 लोग ठीक हुए हैं। इस दौरान 7 लोगों की कोरोना से मौत हुई है। मुंबई में सक्रिय मामलों की संख्या 14,637 हो गई है। कुल 6,89,675 लोग ठीक हो चुके हैं और अब तक यहां 15,305 लोगों की मौत हुई है।

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कोलकाता: ममता का गंभीर आरोप, कहा- यूपी से बहकर बंगाल में आ रहीं लाशें, राज्य में फैल सकता है कोरोना

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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Mon, 21 Jun 2021 09:44 PM IST

सार
ममता ने कहा कि हमने ऐसे कई शवों को देखा है। इससे नदी का पानी भी प्रदूषित हो रहा है। हम नदी से शवों को निकाल रहे हैं।

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी
– फोटो : ANI

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पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव परिणाम के बाद भड़की हिंसा को लेकर भारतीय जनता पार्टी लगातार मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर हमला बोल रही है। वहीं अब ममता बनर्जी ने भी भाजपा को घेरने के लिए उत्तर प्रदेश की योगी सरकार पर निशाना साधा है।उन्होंने कहा है कि गंगा नदी में यूपी से शव बहकर बंगाल आ रहे हैं और इससे राज्य में कोरोना संक्रमण का खतरा बढ़ गया है। उन्होंने कहा कि हमने ऐसे कई शवों को देखा है। इससे नदी का पानी भी प्रदूषित हो रहा है। हम नदी से शवों को निकाल रहे हैं और उनका सम्मानपूर्वक अंतिम संस्कार कर रहे हैं। बता दें कि इससे पहले भी चुनाव के दौरान ममता बनर्जी ने यूपी के मुद्दे को उठाया था। उन्होंने कहा था कि भाजपा यूपी से गुंडे लाकर बंगाल का माहौल खराब कर रही है। उन्होंने भाजपा पर कोरोना फैलाने का भी आरोप लगाया था।ममता को हाईकोर्ट से झटकावहीं चुनाव के बाद भड़की हिंसा मामले में आज यानी सोमवार को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को कलकत्ता हाईकोर्ट से झटका लगा है। दरअसल कलकत्ता हाईकोर्ट की ओर से दिए गए आदेश के बाद एक समिति बनाई गई है, जो हिंसा के मामलों की जांच करेगी और कोर्ट को रिपोर्ट सौंपेगी। समिति के गठन का विरोध कर रहीं बंगाल की सीएम ममता बनर्जी के लिए इसे करारा झटका माना जा रहा है। इससे पहले सोमवार को हाई कोर्ट ने टीएमसी की उस अर्जी को खारिज कर दिया, जिसमें 18 जून के उस आदेश को रोकने की मांग की गई थी, जिसके तहत समिति के गठन का फैसला दिया गया था।

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पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव परिणाम के बाद भड़की हिंसा को लेकर भारतीय जनता पार्टी लगातार मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर हमला बोल रही है। वहीं अब ममता बनर्जी ने भी भाजपा को घेरने के लिए उत्तर प्रदेश की योगी सरकार पर निशाना साधा है।

उन्होंने कहा है कि गंगा नदी में यूपी से शव बहकर बंगाल आ रहे हैं और इससे राज्य में कोरोना संक्रमण का खतरा बढ़ गया है। उन्होंने कहा कि हमने ऐसे कई शवों को देखा है। इससे नदी का पानी भी प्रदूषित हो रहा है। हम नदी से शवों को निकाल रहे हैं और उनका सम्मानपूर्वक अंतिम संस्कार कर रहे हैं। 

बता दें कि इससे पहले भी चुनाव के दौरान ममता बनर्जी ने यूपी के मुद्दे को उठाया था। उन्होंने कहा था कि भाजपा यूपी से गुंडे लाकर बंगाल का माहौल खराब कर रही है। उन्होंने भाजपा पर कोरोना फैलाने का भी आरोप लगाया था।
ममता को हाईकोर्ट से झटका

वहीं चुनाव के बाद भड़की हिंसा मामले में आज यानी सोमवार को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को कलकत्ता हाईकोर्ट से झटका लगा है। दरअसल कलकत्ता हाईकोर्ट की ओर से दिए गए आदेश के बाद एक समिति बनाई गई है, जो हिंसा के मामलों की जांच करेगी और कोर्ट को रिपोर्ट सौंपेगी। समिति के गठन का विरोध कर रहीं बंगाल की सीएम ममता बनर्जी के लिए इसे करारा झटका माना जा रहा है। इससे पहले सोमवार को हाई कोर्ट ने टीएमसी की उस अर्जी को खारिज कर दिया, जिसमें 18 जून के उस आदेश को रोकने की मांग की गई थी, जिसके तहत समिति के गठन का फैसला दिया गया था।

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