देश की राजधानी में बनाए जा रहे थे घातक हथियार, पुलिस ने पहली बार पकड़ी कार्बाइन बनाने की फैक्ट्री

2
- Advertisement -

प्रतीकात्मक तस्वीर.

नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने दिल्ली में पहली बार अवैध कार्बाइन बनाने वाली फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है. ये फैक्ट्री करावल नगर में चल रही थी. फैक्ट्री से भारी मात्रा में कारतूस, दूसरे हथियार और हथियार बनाने का सामान बरामद हुआ है. इस मामले में हथियार बनाने के एक्सपर्ट आरोपी इकबाल को गिरफ्तार कर दिया है
क्राइम ब्रांच के डीसीपी गोपाल नाइक के मुताबिक उनकी टीम को जानकारी मिली कि 27 नवंबर को आईएसबीटी बस अड्डे के पास इकबाल नाम का एक बड़ा अवैध हथियारों का सप्लायर हथियार सप्लाई करने आएगा. उसे वहीं से पकड़ लिया गया, उसके पास से एक कार्बाइन, एक पिस्टल और 7 कारतूस मिले. उसकी निशानदेही पर करावल नगर में उसके किराये के घर में बनी फैक्ट्री से एक और कार्बाइन 2 सेमी ऑटोमेटिक पिस्टल और 3 देशी कट्टे बरामद हुए. साथ ही इन हथियारों के 23 कारतूस और 2 मैगजीन भी मिलीं. फैक्ट्री के अंदर से भारी मात्रा में अवैध हथियार बनाने का सामान बरामद हुआ.
दिल्‍ली : सीने में घाव कर सेल्फी भेजी और फिर कर ली खुदकुशी
इकबाल ने बताया कि वो मूलरूप से बुलंदशहर का रहने वाला है और उसने हथियार बनाने का हुनर अपने पिता से सीखा है. वह साल 1995 से इस धंधे में है, 2014 में जब वह जेल गया तो उसने वहां अपने कस्टमर बनाए.
लड़की समेत पूरे परिवार की हत्या करने वाला आरोपी चढ़ा पुलिस के हत्थे
टिप्पणियां साल 2000 में इकबाल दिल्ली के करावल नगर में शिफ्ट हुआ और वहां उसने अपनी फैक्ट्री खोल ली. अब तक वो दिल्ली और एनसीआर के बड़े अपराधियों को 25 से ज्यादा कार्बाइन, 50 से ज्यादा सेमी ऑटोमैटिक पिस्टल और 100 से ज्यादा देशी कट्टे बेच चुका है. कार्बाइन एक से डेढ़ लाख में, सेमी ऑटोमेटिक पिस्टल 30 से 49 हजार में और देशी कट्टे 5 हजार रुपए में बेचता था. इकबाल के साथ राज कार्तिक नाम का शख्स पकड़ा गया है, जिसने इकबाल से सेमी ऑटोमेटिक पिस्टल खरीदी थी.
दिल्ली के पश्चिम विहार में दो बुजुर्ग बहनों की जघन्य हत्या, दोनों रिटायर्ड टीचर थीं
Source Article

- Advertisement -